महाबोधि महापूजा कार्यक्रम में महापौर मधुसूदन यादव ने की घोषणा…

The City Report News@Rajnandgaon
जब इंसान को अपने से जुड़े, समाज से जुड़े किसे प्रश्न का हल न मिले तो बुद्धं सरणं गच्छामि, धम्मं सरणं गच्छामि, संघं सरणं गच्छामि। ऐसा कोई प्रश्न नहीं है जो भगवान बुद्ध की शरण में जाने के बाद अनुत्तरित रहे।
उक्त उद्गार महापौर मधुसूदन यादव जी ने भगवान बुद्ध की जयंती पर आयोजित कार्यक्रम में उपासकों को संबोधित करते हुए कहा। उन्होनें कहा कि हमें युद्ध नहीं बुद्ध चाहिए। बौद्ध समाज की मांग पर उन्होंने बाबूटोला स्थित तालाब का सौंदर्यीकरण कर बुद्ध पार्क बनाने की घोषाण की।
महाबोधि धम्म संघ द्वारा 25 मई को बाबूटोला नवांगांव वार्ड नं. 1 में महाबोधि महापूजा का आयोजन किया गया।
बौद्ध समाज के उपासकों ने की भगवान बुद्ध की प्रतिमा स्थापित…
पूज्य भदंत धम्मपाल जी के साथ संघ के सदस्य बौद्धाचार्य प्रवीण नोन्हारे, गणेश रामटेके, नरेश घोडेसवार, बौद्धाचार्य सुनीता शेंडे, अनामिका लेंझारे ने संघ की परंपरा अनुसार सर्वप्रथम भवगान बुद्ध की प्रतिमा को चीवर अपर्ण किया गया।
संघ के विजय रंगारी, संगीता बोरकर, मनीषा भिमटे, नीति दामले ने उपासकों के साथ दीप प्रज्जवलित किया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि महापौर मधुसूदन यादव ने दीप प्रज्जवलित कर पुष्प अर्पित किया।
महाबोधि महापूजा में धम्म देसक भदंत धम्मपाल जी ने अपनी देसना में कहा कि भगवान बुद्ध के उपदेशों से ही सभी उपासकों का मंगल होगा।
हमें युद्ध नहीं बुद्ध चाहिए…
कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि डॉ. के एल टांडेकर ने कहा कि विगत 9 वर्षों से महाबोधि के कार्यक्रम में आने का अवसर मिल रहा है। निरंतर भगवान बुद्ध के प्रति आस्था और निष्ठा हर समय यहां पर व्यक्त करते हैं।
विशिष्ट अतिथि समाज के विनोद श्रीरंग ने कहा हमारा समाज अब संगठित हो रहा है इस संगठन को बना कर रखना है इस आयोजन के लिए पदाधिकारी को बधाई दी।
पाषर्द सावन वर्मा जी ने भी उपासकों को संबोधित करते हुए उन्हें बुद्ध जयंती की बधाई दी। विशिष्ट अतिथि मानिकचंद घोडेसवार, कांति फूले, वंदना मेश्राम, बुद्धमित्रा वासनिक, रविता लकड़ा ने उपासकों को संबोधित किया साथ ही भोंगापाल में आयोजित कार्यक्रम में सभी से उपस्थिति की अपील की।
कार्यक्रम में बौद्धाचार्य वंदना मेश्राम, बौद्धाचार्य सुनीता शेंडे, बौद्धाचार्य सुनीता ईलमकर ने महामंगल सुत्त का पठन कर 38 महामंगल सुत्तों की व्याख्या की। कार्यक्रम का संचालन राजू बारमाटे जी ने किया।
कार्यक्रम में सुनील सुषमाकर, प्रहालद फुले, प्रमोद मेश्राम, पुष्पा गनवीर, शीतल गजभिये, जसवंता रामटेके भीखम गजभिये, जयश्री नोन्हारे, हेमलता रामटेके, ममता मेश्राम, मीना श्रीरंगे, शीला मेश्राम, बिरज बाई गढपायले, माला गौतम, मीना बोरकर, अनीता डहाटे, तनु टेम्बुरकर, सोनी रंगारी, सरोज दुफारे, तिलोत्मा बागड़े त्रिषला एवं सभी वार्डों से उपासकगण उपस्थित थे।
सब्बे सत्ता सुखी होंतु के मंगल सुत्त से गूंजा बुद्ध पार्क, भव्य धम्मदीपों का हुए प्रज्जवलन…
महाबोधि महापूजा के अवसर तालाब में भगवान बुद्ध की प्रतिमा स्थापित कर प्रतिमा के समक्ष भव्य धम्मदीपों को प्रज्जवलन किया गया।
बौद्धचार्यों के साथ सभी उपासकों ने सब्बे सत्ता सुखी होंते के मंगल सुत्त का जाप करते हुए एक एक कर भगवान बुद्ध को पुष्प अर्पित किया और मंगल धम्म दीपों को प्रज्जवलन किया।
तालाब के पानी की लहरों और मन आनंदित करने वाले हवाओं के बीच धम्मदीपों को प्रज्जवलन बहुत ही मनोरम दृश्य रहा।
धम्म क्लास के छात्रों नाटक और नृत्य प्रस्तुत किया…
बौद्ध कल्याण समिति द्वारा आयोजित धम्म क्लास के छात्र हर्ष मेश्राम, अभिनव मेश्राम, अविषा डहाटे, संघदीप ठावरे, अभ्युदय बोरकर, नुपुर बोरकर, नंदिनी गजभिये, प्राची गढ़पायले, पाखी गढपायले, पाखी टेम्बुरकर, सत्यम गजभिये, मानव रंगारी, रिया रंगारी, अनन्या मेश्राम ने द्वारा भगवान बुद्ध के पूरे जीवन पर आधारित नाटक प्रस्तुत किया।
उच्च शिक्षा में सहयोग करेंगे महाबोधि शिक्षा मित्र…
महाबोधि धम्म संघ द्वारा विगत वर्षों से समाज के जरुरतमंद छात्रों को शिक्षा में सहयोग करती रही है उच्च शिक्षा में बच्चों को आर्थिक सहयोग के लिए महाबोधि शिक्षा मित्रों ने संकल्प लिया।
महाबोधि शिक्षा मित्र में आर.के. गजभिये, प्रशांत सुखदेवे, मनीराम रामटेके, माया निकोसे, संगीता बोरकर, विनायक घरडे, प्रवीण नोन्हारे, इंजी. नीलेश रमाटेके, सुनीता शेंडे, रेणु जामगढ़े, मनीषा भिमटे, गणेश रामटेके आर्थिक सहयोग करेंगे।
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