केन्द्र के समान 42 प्रतिशत महंगाई राहत राशि नहीं मिलने से नाराज है पेंशनर्स, राज्य की कांग्रेस सरकार पर लगाया अनदेखी का आरोप…
Thecityreportnews@दुर्ग. भारतीय राज्य पेंशनर्स महासंघ छत्तीसगढ़ ने केन्द्र के समान 42 प्रतिशत महंगाई राहत राशि का लाभ नहीं मिलने के लिए राज्य सरकार पर पेंशनर्स हित की अनदेखी किए जाने का आरोप लगाया गया है। इससे नाराज पेंशनर्स महासंघ का प्रतिनिधि मंडल 22 जून को केन्द्रीय गृहमंत्री अमित शाह के दुर्ग आगमन पर मुलाकात करें अपनी पीड़ा बताएंगे और धारा 49 को विलोपित कर केन्द्र की तरह महंगाई राहत राशि देने की मांग करेंगे। यह बातें भारतीय राज्य पेंशनर्स महासंघ के राष्ट्रीय महामंत्री वीरेन्द्र नामदेव ने मंगलवार को मीडिया से चर्चा में कही।
श्री नामदेव ने बताया कि छत्तीसगढ़ के पेंशनर्स मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ के विभाजन में धारा 49 के प्रावधानों के कारण अब तक केन्द्र के समान 42प्रतिशत महंगाई राहत राशि के लाभ से वंचित है। केन्द्र के समान यह महंगाई राहत राशि पेंशनर्स को तब मिलेगी जब दोनों प्रदेश की सरकारें सहमत होगी।
इसे लेकर भारतीय राज्य पेंशनर्स महासंघ छत्तीसगढ़ के बैनरतले कई बार धरना-प्रदर्शन और राज्य सरकारों से पत्राचार किया जा चुका है। मध्यप्रदेश सरकार द्वारा इसके समाधान के लिए पहल भी किया जा चुका है, लेकिन छत्तीसगढ़ सरकार ने पेंशनर्स हित की अनदेखी कर एक भी कदम आगे नहीं बढ़ाया है। जिसकी वजह से छत्तीसगढ़ के पेंशनर्स को 33 प्रतिशत महंगाई राहत राशि लेने पर विवश होना पड़ रहा है। यह महंगाई राहत राशि केन्द्र से 9 प्रतिशत कम है।जिससे छत्तीसगढ़ के पेंशनर्स को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है।
भारतीय राज्य पेंशनर्स महासंघ के राष्ट्रीय महामंत्री वीरेन्द्र नामदेव ने बताया कि छत्तीसगढ़ में करीब 1 लाख और मध्यप्रदेश में करीब 6 लाख पेंशनर्स है।दोनों राज्यों में अलग-अलगराजनीतिक दलों की सरकार है। इसलिए पेंशनर्स के महंगाई राहत राशि का हल नहीं निकल पा रहा है। वहीं दूसरी ओर केन्द्र सरकार कहती है कि केन्द्र के समान महंगाई राहत राशि का लाभ लेने के लिए राज्य सरकार को अनुमति लेने की आवश्यकता नही है।
जिसके लिए बकायदा केन्द्र सरकार द्वारा पत्र भी जारी किया गया है। बावजूद छत्तीसगढ़ मेंपेंशनर्स को केन्द्र के समान महंगाई राहत राशि का लाभ नहीं मिल पा रहा है। यह विषय समझ से परे है।
श्री नामदेव ने बताया कि केन्द्र के समान छत्तीसगढ़ के पेंशनर्स को महंगाई राहत राशि नहीं मिलने से छत्तीसगढ़ को अरबों रुपए का नुकसान हो रहा है।जिसे उच्च प्रशासनिक अधिकारी राज्य सरकार को समझ नही पा रहे है। क्योंकिराज्य के उच्च प्रशासनिक अधिकारियों को केन्द्र के समान महंगाई राहत राशि का लाभ मिल रहा है। इसलिए उन्हे पेंशनर्स की चिंता नहीं है। वास्तविक में अगर देखा जाए तो महंगाई राहत राशि का यह मुद्दा राज्य के उच्च प्रशासनिकअधिकारियों की नासमझी की वजह से वर्षो से लटका हुआ है। मीडिया से चर्चाके दौरान श्री नामदेव के साथ भारतीय राज्य पेंशनर्स महासंघ छत्तीसगढ़ के प्रदेश महामंत्री अनिल गोल्हानी, रायपुर जिलाध्यक्ष आर.जी. बोहरे, दुर्ग जिलाध्यक्ष बी.के. वर्मा, आर.के. भटनागर, महेशचंद्र शर्मा, बी.एल. गजपाल,शीतल प्रसाद साहू, डी.आर. मोरे भी मौजूद थे।
