
The City Report News@Durg
छत्तीसगढ़ प्रगतिशील किसान संगठन की बैठक कसारीडीह में आयोजित हुई बैठक में कृषि और किसानों से संबंधित विषयों पर चर्चा हुई, बैठक में खेती किसानी का काम शुरू हो गया है लेकिन आवश्यकता के अनुसार समितियों में खाद का पर्याप्त भंडार नहीं किया गया है।



विशेष रूप से बोनी के समय जरूरी डीएपी खाद का संकट है जिसके लिए किसानों को जद्दोजहद करना पड़ रहा है जिससे इस खरीफ में धान के उत्पादन पर प्रभाव पड़ सकता है, किसान संगठन ने आवश्यकता अनुसार समितियों में सभी खाद उपलब्ध कराने की मांग की गई है।
संगठन की बैठक में इस बात पर चिंता जताई गई है कि किसानों की मजबूरी का नाजायज़ फायदा उठाया जा रहा है और धड़ल्ले से अमानक खाद किसानों को थमाया जा रहा है।
किसान संगठन की बैठक में खेती किसानी के समय बिजली कटौती की समस्या पर चिंता व्यक्त…
सरकार सुनिश्चित करें कि बाजार में किसी भी स्थिति में अमानक खाद, बीज और दवा की बिक्री नहीं होना चाहिये,किसान संगठन की बैठक में खेती किसानी के समय बिजली कटौती की समस्या पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा गया है कि इसके कारण रोपाई की तैयारी नहीं कर पा रहे हैं।
बिजली की गुणवत्ता भी घटिया है, तारों की क्षमता भार के अनुसार नहीं है जिसके कारण अक्सर ब्रेकडाउन होता है, स्टाफ और सामग्री की कमी के कारण कई दिनों तक सुधार नहीं हो रहा है, किसान संगठन ने पूरे 24 घंटे अच्छी गुणवत्ता के बिजली आपूर्ति करने की मांग की गई है।
किसान संगठन की बैठक में राज्य सरकार पर निशाना साधते हुए कहा है कि केंद्र सरकार द्वारा धान का एम एस पी बढ़ाया जाता है किन्तु इसके लाभ से किसानों को वंचित रखा जाता है, किसान संगठन ने सभी उपजों के लिए घोषित एम एस पी की कानूनी गारंटी की मांग की है।
किसान संगठन की बैठक में इस बात पर चिंता जताई गई है कि नई सरकार को डेढ़ साल पूरे हो गए हैं लेकिन अब तक समिति के चुनाव नहीं कराये गये हैं बैठक में धान खरीदी शुरू होने से पहले चुनाव कराने की मांग की है।
बैठक में पाईप द्वारा खरखरा का पानी रूदा लाने की चर्चा…
किसान संगठन की बैठक में पाईप द्वारा खरखरा का पानी रूदा लाने की चर्चा करते हुए कहा गया है कि सरकार करोड़ों खर्च कर रही है लेकिन इसे उद्योग को दिया जा रहा है जबकि पानी पर पहला अधिकार किसानों का होता है।
किसान संगठन की बैठक में राजीव गांधी किसान न्याय योजना पर चर्चा करते हुए सरकार पर आरोप लगाया गया है कि सरकार किसानों में भेदभाव कर रही है, सिर्फ सरकार को धान बेचने वाले किसानों को लाभ पहुंचा रही है और अन्य उपज लेने वाले किसानों की उपेक्षा कर रही है।
छत्तीसगढ़ प्रगतिशील किसान संगठन की बैठक में संतु पटेल, गिरीश दिल्लीवार, मेघराज मढ़रिया, मनोज मिश्रा, परमानंद यादव, ढालेश साहू, गीतेश्वर साहू, उत्तम चंद्राकर, बाबूलाल साहू, बद्री प्रसाद पारकर, लोचन सिंहा, आई के वर्मा और राजकुमार गुप्त शामिल थे।
किसान संगठन ने सरकार को आगाह किया कि कि किसानों की समस्या का 7 दिनों में निराकरण करे अन्यथा किसान सड़क पर आंदोलन करने के लिए विवश हो जायेंगे।
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