विधायक दिखावे की राजनीति छोड़कर वंचितों को जाति प्रमाण पत्र उपलब्ध कराएं- भाजपा पार्षद दल

द सिटी रिपोर्ट न्यूज@दुर्ग. दुर्ग नगर निगम द्वारा आयोजित सामान्य सभा की विशेष बैठक बुधवार को खालसा पब्लिक स्कूल में आयोजित की गई है जिसमे सामान्य सभा की विशेष बैठक को लेकर भाजपा पार्षदों की संयुक्त बैठक आज भाजपा कार्यालय में नेता प्रतिपक्ष अजय वर्मा की उपस्थिति में सम्पन्न हुई जिसमे लोगो को हो रही जाति प्रमाण पत्र संबंधी तकलीफों को लेकर सत्ता पक्ष को घेरने तथा शहर में विद्यमान सड़क पानी बिजली जैसे मुद्दे को लेकर जोरदार आवाज बुलंद करने का निर्णय लिया गया बैठक में भाजपा पार्षद गायत्री साहू चंद्रशेखर चंद्राकर, देवनारायण चंद्राकर, नरेंद्र बंजारे, काशीराम कोसरे,नरेश तेजवानी, अरुण सिंह, शिवेंद्र परिहार, ओम प्रकाश सेन, मनीष साहू, अजीत वैद्य, चमेली साहू, मीना सिंह, लीना दिनेश देवांगन, कविता तांडी, शशि साहू, हेमा शर्मा, कुमारी साहू, पुष्पा गुलाब वर्मा सहित अन्य पार्षद मौजूद थे।

इस अवसर पर नेता प्रतिपक्ष अजय वर्मा ने कहा कि महापौर धीरज बाकलीवाल की कांग्रेस परिषद पूरी तरह से उपलब्धि शून्य परिषद है जिसे विधायक अरुण वोरा ने अपनी राजनीतिक मकड़जाल इस तरह जकड़ दिया है की पूरे शहर की जनता हलकान हैं विगत साढ़े 3 साल के कार्यकाल में सत्ता पक्ष जनता की समस्याओं को लेकर एक भी सामान्य सभा बैठक आयोजित नहीं कर पाई है केवल बजट बैठक व शासन के निर्देश के कारण जाति प्रमाण पत्र को पारित कर खानापूर्ति करते रहे है जबकि जनता के मूलभूत विषयों को पर चर्चा करने की साहस तक नही करा पाया और जब पार्षदों द्वारा सदन में आवाज बुलंद किया जाता है तब उनके आवाज दबाए जाते हैं शहर में लोग पानी बिजली जैसे समस्याओं से जूझ रहे तो वहीं दूसरी ओर विधानसभा चुनाव को देखते हुए अपनी राजनीति चमकाने शहर के मुख्य सड़कों का डामरीकरण कर दिखावा कर रही है उसमें भी यह सड़क पहली बारिश में ही उखड़ गई है जिसे जनता देख रही है इसी प्रकार गलियों में गड्ढे है सड़क जर्जर हैं और खंभों से लाइट गायब हो रही है इसका कोई सुध लेने वाला नहीं है नगर निगम में राशन कार्ड पेंशन जैसे सुविधाओं के लिए लोग प्रतिदिन चक्कर काट रहे हैं फिर भी उसका सुनने वाला कोई नहीं है इन सब मुद्दों को लेकर कल नगर निगम में भारतीय जनता पार्टी के पार्षदों को सत्ता पक्ष से जवाब मांगा जाना है तथा पिछले परिषद में अब तक पास किए गए जाति प्रमाण पत्र को आवेदकों को नहीं दिए जाने पर भी जवाब मांगा जाएगा।
