हुनर से ही व्यक्ति स्वालंबी बनता है – अशोक राठी

द सिटी रिपोर्ट न्यूज@दुर्ग. स्वावलंबी भारत अभियान के तहत महिलाओं एवं युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए उन्हें कौशल विकास, स्वावलंबन, स्वतः जागरण पर दुर्ग के डीपरा पारा वार्ड क्रमांक 39 में हुनर की पाठशाला का तीन दिवसीय अभ्यास वर्ग शुरू हुआ, प्रथम सत्र में प्रशिक्षक डा. प्राची श्रीवास्तव, स्व्लाम्बी भारत अभियान के प्रान्त सह समन्वयक एवं लघु उधोग भारती के पूर्व दुर्ग इकाई अध्यक्ष संजय चौबे, स्वालंबी भारत अभियान दुर्ग जिला समन्वयक अशोक राठी, वार्ड पार्षद श्रीमती गुलाब पुष्पा वर्मा ने अपने अपने विचार व्यक्त किये एवं इस अवसर पर वार्ड की 64 महिलायें एवं युवतियों ने भाग लिया , 5 समूह बनाकर आई महिलाओं को कांच की बोटल से बोटल गुडिया, पूजा थाली, खपरैल से टेराकोटा आर्ट , पूजा के लिए लोटा, के लिए महिलाओं को स्वालंबी भारत अभियान के तहत् हुनर की पाठशाला का आयोजन तीन दिवसीय प्रशिक्षण दिया जा रहा है।

महिलाओं द्वारा बढ़चढ़कर भाग लिया जा रहा है ! इसी कड़ी में स्वालंबी भारत अभियान के जिला समन्वयक अशोक राठी ने प्रशिक्षण प्राप्त कर रही महिलाओं को कहा की आपके द्वारा बनाये जा रहे सामानों को विक्रय के छत्तीसगढ़ चेम्बर ऑफ़ कॉमर्स , कैट, लघु उधोग भारती, एवं अन्य संगठनो के साथ चर्चा कर एक प्लेटफार्म प्रदान करने की कोशिश की जायेगी।

इसी कड़ी में द्वितीय सत्र में प्रसिद्ध समाज सेवी एवं व्यवसायी मनोज टावरी, पूनम जैन एवं कवर्धा से आये हुए हरीश लुनिया जी श्री सरस्वती शिशु मंदिर के प्रभारी ने उपस्थित महिलाओं से आग्रह किया की आप अपने अपने बच्चों को पढ़ाई के साथ साथ कोई न कोई हुनर आवश्यक रूप से सिखाये ! गौर तलब है की स्वालंबी भारत अभियान के द्वारा गांव, शहर, स्कूलों में युवाओं के मध्य स्वतः जाग्रत करने की दिशा में काम कर रहा है।
